
तिर्वा कोतवाली क्षेत्र में अज्ञात चोरों के हौसले इस कदर बुलंद हैं कि वे लगातार किसानों और ग्रामीणों की संपत्ति को निशाना बना रहे हैं। ताजा मामला तिर्वा क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम लोहमढ़ का है, जहां रात के अंधेरे में दो दर्जन से अधिक किसानों के स्टार्टर और ट्रांसफार्मर से कीमती सामान चोरी कर लिया गया। इस घटना से पूरे क्षेत्र में दहशत और आक्रोश का माहौल है।ग्राम लोहमढ़ के पूर्व प्रधान ओम प्रताप पेसा, जो पेशे से अधिवक्ता हैं, ने बताया कि उनका निजी नलकूप 25 केवी खेत में लगा हुआ था। उससे लगभग 100 मीटर की दूरी पर कप्तान सिंह पुत्र फतेह सिंह निवासी भगतपुर, थाना तिर्वा का भी निजी नलकूप स्थापित था। दिनांक 22 फरवरी की रात्रि में अज्ञात चोरों ने दोनों ट्रांसफार्मरों को गिराकर उनका तेल निकाल लिया। इसके साथ ही स्टार्टर से जुड़े कोयल, घड़ी, बैटरी व अन्य उपकरण चोरी कर लिए गए और ट्रांसफार्मर को पूरी तरह खाली छोड़ दिया गया।23 फरवरी की सुबह लगभग 6 बजे जब जयप्रकाश और रामजीवन नलकूप चलाने पहुंचे तो चोरी की जानकारी हुई। तत्काल डायल 112 पर सूचना दी गई और थाने पहुंचकर अज्ञात चोरों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई। पुलिस प्रशासन का कहना है कि रिपोर्ट के आधार पर जांच की जा रही है और जल्द ही चोरों को गिरफ्तार किया जाएगा।

इस पूरी घटना ने न सिर्फ पुलिस प्रशासन बल्कि बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में रात के समय बिजली आपूर्ति नहीं होती, जबकि दिन में बिजली दी जाती है। अंधेरे का फायदा उठाकर चोर आसानी से वारदात को अंजाम दे रहे हैं। यदि रात में नियमित बिजली आपूर्ति होती और ट्रांसफार्मरों की निगरानी की जाती, तो ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सकता था।ग्रामीणों ने मांग की है कि पुलिस रात्रि गश्त बढ़ाए और बिजली विभाग रात में भी बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करे। समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए तो ऐसी घटनाएं और बढ़ सकती हैं, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन और बिजली विभाग की होगी।
